बीजापुर में पत्रकार मुकेश चंद्राकर की हत्या, पुलिस ने तीन आरोपी किए गिरफ्तार
“छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में एक दर्दनाक घटना ने पूरे राज्य को हिलाकर रख दिया है। युवा पत्रकार मुकेश चंद्राकर की निर्मम हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। हत्या की यह घटना उस समय हुई जब मुकेश ने एक भ्रष्टाचार के मामले पर रिपोर्टिंग की थी।”
मुकेश चंद्राकर, जो बीजापुर में एक सक्रिय पत्रकार के रूप में काम कर रहे थे, हाल ही में एक भ्रष्टाचार के मामले पर रिपोर्ट कर रहे थे। उनकी रिपोर्टिंग से भ्रष्ट ठेकेदारों को परेशानी हो रही थी। हत्या के बाद आरोपियों ने मुकेश के शव को सैप्टिक टैंक में छिपा दिया था। पुलिस को जब इस मामले की सूचना मिली, तो त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस की कार्रवाई:
पुलिस ने आरोपियों को हिरासत में लेकर उनसे पूछताछ शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में पता चला है कि हत्या की योजना पहले से बनाई गई थी।
बीजापुर के पुलिस अधीक्षक ने कहा: “हम इस मामले की गहनता से जांच कर रहे हैं। दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।”
मुख्यमंत्री ने जताया दुख
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पत्रकार मुकेश चंद्राकर की हत्या पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि यह घटना पत्रकारिता जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति है।
मुख्यमंत्री ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा: “बीजापुर के युवा और समर्पित पत्रकार मुकेश चंद्राकर की हत्या का समाचार अत्यंत दु:खद और हृदयविदारक है। इस घटना के अपराधियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।”
पत्रकारों का विरोध प्रदर्शन:
इस घटना के बाद पत्रकारों में आक्रोश फैल गया है। नाराज पत्रकारों ने सड़कों पर उतरकर नेशनल हाईवे को जाम कर दिया और न्याय की मांग की। उनका कहना है कि पत्रकारों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन को ठोस कदम उठाने चाहिए।
“हम अपनी जान जोखिम में डालकर सच्चाई सामने लाते हैं। लेकिन अगर हमें ही सुरक्षा नहीं मिलेगी, तो यह समाज के लिए बड़ा खतरा है।” – एक प्रदर्शनकारी पत्रकार
भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज बनी जानलेवा
मुकेश चंद्राकर ने कई भ्रष्टाचार के मामलों पर रिपोर्टिंग की थी। उनकी रिपोर्टिंग के कारण कई भ्रष्ट ठेकेदारों के खिलाफ कार्रवाई हो चुकी थी।
यह माना जा रहा है कि उनकी हत्या के पीछे भ्रष्टाचारियों का हाथ है।
पत्रकारिता जगत के लिए बड़ा नुकसान:
मुकेश चंद्राकर की हत्या ने पूरे पत्रकारिता जगत को झकझोर कर रख दिया है। पत्रकार संगठनों ने घटना की कड़ी निंदा की है और सरकार से पत्रकारों की सुरक्षा के लिए ठोस उपाय करने की मांग की है।