भारत-जापान व्यापार संबंधों में नया कदम: विदेश मंत्री जयशंकर की मेज़बानी
“दिल्ली में विदेश मंत्री डॉ. सुब्रह्मण्यम जयशंकर ने जापान एसोसिएशन ऑफ कॉरपोरेट एग्जीक्यूटिव्स (केइज़ाई दोयुकाई) के प्रतिनिधिमंडल का स्वागत किया, जिसका नेतृत्व इसके अध्यक्ष ताकेशी निनामी ने किया। इस मुलाकात के दौरान दोनों देशों के व्यापारिक और आर्थिक संबंधों को और मजबूत करने पर चर्चा की गई।”
सोशल मीडिया पर डॉ. जयशंकर ने इस बैठक की सकारात्मक पहलुओं पर प्रकाश डाला और भारत में हो रहे महत्वपूर्ण बदलावों को साझा किया। उन्होंने विशेष रूप से शासन, बुनियादी ढांचे और व्यापार करने में सुगमता में सुधार की दिशा में हो रहे प्रयासों को उजागर किया।
भारत में व्यापारिक माहौल में सुधार
- बुनियादी ढांचा – भारत में अब बेहतर बुनियादी ढांचा और आधुनिकता की दिशा में तेजी से कदम बढ़ाए जा रहे हैं।
- व्यापार में सुगमता – भारतीय सरकार द्वारा व्यापार करने में सुगमता और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए कई कदम उठाए जा रहे हैं।
- निवेश के अवसर – जापान के व्यापारिक समुदाय के लिए भारत में निवेश के अनगिनत अवसर उपलब्ध हैं।
डॉ. जयशंकर ने विश्वास व्यक्त किया कि केइज़ाई दोयुकाई के प्रयास भारत-जापान संबंधों को एक नई ऊंचाई तक पहुंचाने में मदद करेंगे और दोनों देशों के बीच आर्थिक सहयोग को बढ़ावा देंगे।
नए अवसरों की संभावना
भारत और जापान के बीच व्यापार और निवेश के क्षेत्र में एक नए अध्याय की शुरुआत हो सकती है। यह मुलाकात दोनों देशों के लिए रणनीतिक दृष्टि से अहम साबित हो सकती है।