अभिधम्म दिवस पर बौद्ध विरासत का जश्न, मोदी करेंगे संबोधित
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 17 अक्टूबर को सुबह 10 बजे विज्ञान भवन में अभिधम्म दिवस और पाली को शास्त्रीय भाषा के रूप में मान्यता देने के समारोह में भाग लेंगे। यह आयोजन संस्कृति मंत्रालय के सहयोग से अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध परिसंघ द्वारा आयोजित किया जा रहा है।
प्रधानमंत्री इस अवसर पर अभिधम्म दिवस के महत्व, पाली भाषा के महत्व और बुद्ध धम्म की समृद्ध विरासत को संरक्षित और प्रोत्साहित करने के लिए सरकार के प्रयासों पर अपने विचार साझा करेंगे। इस अवसर पर वह सभा को संबोधित भी करेंगे। समारोह में संस्कृति और पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत विशेष रूप से संबोधित करेंगे, जबकि संसदीय कार्य और अल्पसंख्यक कार्य मंत्री किरेन रिजिजू भी उपस्थित रहेंगे।
अभिधम्म दिवस, अभिधम्म की शिक्षा देने के बाद भगवान बुद्ध के दिव्य लोक से अवतरण की याद में मनाया जाता है। हाल ही में चार अन्य भाषाओं के साथ पाली को शास्त्रीय भाषा का दर्जा मिलने से इस वर्ष के अभिधम्म दिवस समारोह का महत्व बढ़ गया है क्योंकि अभिधम्म से संबंधित भगवान बुद्ध के उपदेश मूल रूप से पाली भाषा में उपलब्ध हैं। अभिधम्म दिवस भगवान बुद्ध के तैंतीस दिव्य प्राणियों के दिव्य क्षेत्र से संकासिया में अवतरण की याद दिलाता है। इसे वर्तमान में उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद जिले में संकिसा बसंतपुर के रूप में जाना जाता है।
भारत सरकार और अंतरराष्ट्रीय बौद्ध परिसंघ द्वारा आयोजित अंतरराष्ट्रीय अभिधम्म दिवस समारोह में 14 देशों के शिक्षाविद एवं भिक्षु और देश भर के विभिन्न विश्वविद्यालयों से बड़ी संख्या में बुद्ध धम्म के युवा विशेषज्ञ भाग लेंगे।